20/10/2025
इस दीपावली, भारतीय परंपरा की सच्ची भावना अपनाइए — वोकल फॉर लोकल बनिए।
विदेशी वस्तुओं की चमक में अपनी संस्कृति का पवित्र प्रकाश फीका न पड़ने दीजिए।
अपने ही लोगों के हाथों से बने दीये और पूजन सामग्री प्रेम और श्रद्धा से खरीदिए।
जब इन दीयों को जलाएँ, याद रखिए — आप केवल अपना घर नहीं रोशन कर रहे, बल्कि किसी और के आँगन में भी खुशियाँ और माँ लक्ष्मी का आशीर्वाद पहुँचा रहे हैं।