18/06/2026
उत्तर भारत के अधिकांश मंदिरों में गुंडागर्दी चोरी और डकैती की भरमार है । बाँके बिहारी मंदिर, खाटूश्याम, सालासर में इत्यादि तो आये दिन श्रद्धालुओं से मारपीट की ख़बरें आती हैं । विंध्याचल मंदिर में तो पुजारियों का एक जमावड़ा है जो आपको स्पेशल लाइन से मोटी रकम देकर आने को विवश करेगा भले ही कोई ख़ास भीड़ भी न हो । वो लोग ज़बरदस्ती फ़्री वाली लाइन को रोक कर रखते हैं । अगर आप किसी तरह से अंदर पहुँच गए तो माँ दूर्गा की मूर्ति के सामने आपको आरती के नाम पर पूजारी को पैसे देने को मजबूर करेंगे नहीं तो सेकेंड में धक्के देने लगेंगे । ये मेरा व्यक्तिगत अनुभव है ।
राम मंदिर की व्यवस्था थोड़ी अच्छी है पर वहाँ भी चोरी की ख़बरें आ रही हैं । डूब मरने की बात है । कहाँ तो अयोध्या को वेटिकन सिटी बनाने की बात थी और अब ये सब सुनना पर रहा है । क्या वेटिकन चर्च से कभी चोरी की शिकायत मिली है?
हिन्दू मंदिरों को आक्रांताओं से मुक्त कराने के बहुत बातें होती हैं पर चोरों डकैतों से कब मुक्ति मिलेगी?