Amit kumar Sharma Advocate Baghpat

Amit kumar Sharma Advocate Baghpat Amit kr Sharma
M.A,LL.M
Advocate & Legal Advisor
Residence:-Shanti Bhawan Near Police Stat
(1)

15/05/2026

Criminal Advocate | 16+ Years of Experience in Trial Advocacy & Criminal Litigation. Expert in BNSS and Procedural Law. Dedicated to protecting legal rights and ensuring a fair trial."

13/05/2026

लेख का शीर्षक: चेक बाउंस (Check Bounce) हो जाए तो क्या करें

जानिए अपने कानूनी अधिकार

क्या किसी व्यक्ति या बिजनेस पार्टनर ने आपको चेक दिया था और वह बैंक में बाउंस हो गया? कानूनी भाषा में इसे 'चेक का अनादर' (Dishonour of Cheque) कहा जाता है। कई लोग चेक बाउंस होने पर घबरा जाते हैं या गलत कदम उठा लेते हैं। भारत के कानून के अनुसार, चेक बाउंस होना एक गंभीर दांडिक अपराध (Criminal Offence) है।
आइए आसान शब्दों में समझते हैं कि चेक बाउंस होने पर आपको अपने पैसे वापस पाने के लिए क्या कदम उठाने चाहिए।
1. बैंक से 'मेमो' (Cheque Return Memo) प्राप्त करें
जब आपका चेक बाउंस होता है, तो बैंक आपको चेक के साथ एक रसीद देता है जिसे 'रिटर्न मेमो' कहते हैं। इस मेमो में चेक बाउंस होने का असली कारण लिखा होता है (जैसे: खाते में पर्याप्त पैसे न होना या हस्ताक्षर का न मिलना)।
2. कानूनी नोटिस भेजें (Legal Notice) - सबसे जरूरी कदम
कानून के अनुसार, बैंक से मेमो मिलने के 30 दिनों के भीतर आपको पैसे देने वाले व्यक्ति को एक लिखित कानूनी नोटिस भेजना अनिवार्य है।
इस नोटिस में सामने वाले को पैसे चुकाने के लिए 15 दिनों का समय दिया जाता है।
यदि वह इन 15 दिनों में आपके पैसे लौटा देता है, तो मामला यहीं खत्म हो जाता है।
3. कोर्ट में केस दर्ज करें (Filing a Court Case)
यदि नोटिस मिलने के 15 दिनों के बाद भी वह व्यक्ति पैसे नहीं चुकाता है, तो आपके पास कोर्ट जाने का अधिकार होता है।
नोटिस की 15 दिनों की अवधि समाप्त होने के 30 दिनों के भीतर आपको कोर्ट में केस फाइल करना होगा।
यह केस नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट की धारा 138 (Section 138 of NI Act) के तहत मजिस्ट्रेट कोर्ट में दर्ज होता है।
क्या सजा हो सकती है?
यदि कोर्ट में दोष सिद्ध हो जाता है, तो आरोपी को:
2 साल तक की जेल हो सकती है।
या चेक की राशि का दोगुना (Double) जुर्माना भरना पड़ सकता है।
या जेल और जुर्माना दोनों हो सकते हैं।
निष्कर्ष:
चेक बाउंस के मामलों में समय सीमा (Timeline) का ध्यान रखना सबसे महत्वपूर्ण है। यदि आप 30 दिनों की समय सीमा चूक जाते हैं, तो कानूनी प्रक्रिया जटिल हो जाती है।
(Sharma Legal Remedies)

बड़ौत बागपत खेकड़ा के लिए जरुरी सूचना
17/05/2025

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रंगों के त्यौहार होली की सभी को शुभकामनाएं
25/03/2024

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धन्यवाद भारतीय जनता पार्टी का व आदरणीय प्रधानमंत्री ज़ी का।
14/03/2024

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29/11/2023

SHARMA LEGAL REMEDIES

18/10/2023

एक व्यक्ति बहुत दिनों से तनावग्रस्त चल रहा था जिसके कारण वह काफी चिड़चिड़ा तथा क्रोध में रहने लगा था।

वह हमेशा इस बात से परेशान रहता था कि घर के सारे खर्चे उसे ही उठाने पड़ते हैं, पूरे परिवार की जिम्मेदारी उसी के ऊपर है, किसी ना किसी रिश्तेदार का उसके यहाँ रोज आना जाना लगा ही रहता है, उसे बहुत ज्यादा ख़र्च करना पड़ता है , आदि - आदि।

इन्ही बातों को सोच सोच कर वह अक़्सर काफी परेशान रहता था , अपने बच्चों को अक्सर डांट देता था तथा अपनी पत्नी से भी ज्यादातर उसका किसी न किसी बात पर झगड़ा होता रहता था।

इसी तरह समय गुजरता गया ।

एक दिन उसका बेटा उसके पास आया और बोला...... पिताजी मेरा स्कूल का होमवर्क करा दीजिये प्लीज ।

वह व्यक्ति पहले से ही तनाव में था ,इसलिए उसने बेटे को जोर से डांट कर भगा दिया , लेकिन जब थोड़ी देर बाद उसका गुस्सा शांत हुआ तो वह बेटे के पास गया ।उसने देखा कि बेटा गहरी नींद में सोया हुआ है और उसके हाथ में उसके होमवर्क की कॉपी है।

उसने धीरे से जब कॉपी लेकर जैसे ही नीचे रखनी चाही, उसकी नजर होमवर्क के टाइटल पर पड़ी।

होमवर्क का टाइटल था.....वे चीजें जो हमें शुरू में अच्छी नहीं लगतीं , लेकिन बाद में वे अच्छी ही होती हैं।

इस टाइटल पर बच्चे को एक पैराग्राफ लिखना था जो उसने लिख लिया था। उत्सुकतावश उसने बच्चे का लिखा पढना शुरू किया बच्चे ने लिखा था.......

* मैं अपने फाइनल एग्जाम को बहुंत धन्यवाद् देता हूँ क्योंकि शुरू में तो ये बिलकुल अच्छे नहीं लगते लेकिन इनके बाद स्कूल की छुट्टियाँ पड़ जाती हैं।

* मैं ख़राब स्वाद वाली कड़वी दवाइयों को बहुत धन्यवाद् देता हूँ क्योंकि शुरू में तो ये कड़वी लगती हैं लेकिन ये मुझे बीमारी से ठीक करती हैं।

* मैं सुबह - सुबह जगाने वाली उस अलार्म घड़ी को बहुत धन्यवाद् देता हूँ जो मुझे हर सुबह बताती है कि मैं जीवित हूँ।

* मैं ईश्वर को भी बहुत धन्यवाद देता हूँ जिसने मुझे इतने अच्छे पिता दिए क्योंकि उनकी डांट मुझे शुरू में तो बहुत बुरी लगती है लेकिन वो मेरे लिए खिलौने लाते हैं, मुझे घुमाने ले जाते हैं और मुझे अच्छी अच्छी चीजें खिलाते हैं और मुझे इस बात की ख़ुशी है कि मेरे पास पिता हैं क्योंकि मेरे दोस्त राजू के तो पिता ही इस दुनिया में नहीं हैं।

बच्चे का होमवर्क पढने के बाद वह व्यक्ति जैसे अचानक नींद से जाग गया हो। उसकी सोच बदल सी गयी। बच्चे की लिखी बातें उसके दिमाग में बार बार घूम रही थी। खासकर वह अंतिम वाली लाइन। उसकी नींद उड़ गयी थी। फिर वह व्यक्ति थोडा शांत होकर बैठा और उसने अपनी परेशानियों के बारे में सोचना शुरू किया.......

* मुझे घर के सारे खर्चे उठाने पड़ते हैं, इसका मतलब है कि मेरे पास घर है और ईश्वर की कृपा से मैं उन लोगों से बेहतर स्थिति में हूँ जिनके पास घर नहीं है।

* मुझे पूरे परिवार की जिम्मेदारी उठानी पड़ती है, इसका मतलब है कि मेरा परिवार है, पत्नी बच्चे हैं और ईश्वर की कृपा से मैं उन लोगों से ज्यादा खुशनसीब हूँ जिनके पास परिवार नहीं हैं और वो दुनियाँ में बिल्कुल अकेले हैं।

* मेरे यहाँ कोई ना कोई मित्र या रिश्तेदार आता जाता रहता है, इसका मतलब है कि मेरी एक सामाजिक हैसियत है और मेरे पास मेरे सुख दुःख में साथ देने वाले लोग हैं।

* मैं बहुत ज्यादा ख़र्च करता हूँ, इसका मतलब है कि मेरे पास अच्छी नौकरी है और मैं उन लोगों से बेहतर हूँ जो बेरोजगार हैं या पैसों की वजह से बहुत सी चीजों और सुविधाओं से वंचित हैं।

हे ! मेरे भगवान् ! तेरा बहुंत बहुंत शुक्रिया मुझे माफ़ करना, मैं तेरी कृपा को पहचान नहीं पाया।

इसके बाद उसकी सोच एकदम से बदल गयी, उसकी सारी परेशानी, सारी चिंता एक दम से जैसे ख़त्म हो गयी। वह एकदम से बदल सा गया। वह भागकर अपने बेटे के पास गया और सोते हुए बेटे को गोद में उठाकर उसके माथे को चूमने लगा और अपने बेटे को तथा ईश्वर को धन्यवाद देने लगा।

दोस्तों........हमारे सामने जो भी परेशानियाँ हैं, हम जब तक उनको नकारात्मक नज़रिये से देखते रहेंगे , तब तक हम गंभीर परेशानियों से घिरे रहेंगे , लेकिन जैसे ही हम उन्हीं चीजों को, उन्ही परिस्तिथियों को सकारात्मक नज़रिये से देखेंगे, हमारी सोच एकदम से बदल जाएगी, हमारी सारी चिंताएं, सारी परेशानियाँ, सारे तनाव एक दम से ख़त्म हो जायेंगे और हमें मुश्किलों से निकलने के नए - नए रास्ते दिखाई देने लगेंगे।

धन्यवाद
अमित कुमार शर्मा एडवोकेट चैम्बर न.49 A ब्लॉक जिला न्यायालय परिसर बागपत उप्र 9927039442

🙏
07/09/2023

🙏

05/10/2022

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Baghpat
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