24/09/2026
अजमेर विद्युत वितरण निगम (AVVNL) में टेक्निकल हेल्पर सुभाष चंद वर्मा की मार्च 2017 में मौत हो गई।
उनकी पत्नी ममता रानी को सास-ससुर की NOC और इस शर्त पर अनुकंपा नियुक्ति मिली कि वह पूरे परिवार (खासकर बुजुर्ग सास-ससुर) का भरण-पोषण करेगी।
नौकरी मिलने के बाद बहू ने ससुराल छोड़ दिया, दूसरी शादी कर ली और सास-ससुर की कोई मदद नहीं की।
सास-ससुर ने 2018 में हाईकोर्ट में याचिका दायर की (ससुर की सुनवाई के दौरान मौत हो गई)।
कोर्ट का आदेश (जस्टिस आनंद शर्मा, जयपुर बेंच
बहू की मासिक सैलरी का 25% हर महीने काटकर सीधे सास के बैंक खाते में जमा किया जाए। यह व्यवस्था सास के जीवित रहने तक चलेगी।
मृत कर्मचारी के टर्मिनल बेनिफिट्स (पेंशन, ग्रैच्युटी आदि) का 50% हिस्सा सास को और 50% बहू को दिया जाए। इन्हें 30 दिनों के अंदर जारी किया जाए।
Advocate Vivek Pal Tiger
095596 95244